नया साल एक जनवरी को क्यू मनाते है

आज एक जनवरी है. आज से नया साल 2021 शुरू हो रहा है. पिछले साल को हमने अलविदा कहकर नये साल की सुरुवात की है. लेकिन क्या हम जानते है नया साल 1 जनवरी को क्यू मनाया जाता है. Happy new year celebration 31 डिसेंबर की रात को क्यो होता है. एक जनवरी को नया साल कैसे शुरू होता है. आज जानते है इसके बारे मे.

Happy new year history

हम सब एक जनवरी को नये साल की शुरुवात करते है. लेकिन आपको बता दे एक जनवरी को नया साल मनाने की सुरुवात लगभग चार हजार वर्ष पहले की है. Babylon नामक स्थान असे इस्की सुरुवात हुई थी. नया वर्ष की शुरुवात ग्रेगोरियन कॅलेंडर पर आधारित है. पारंपरिक रोमन कॅलेंडर का नया वर्ष एक मार्च से शुरू होता है लेकिन रोमन सम्राट ज्युलियस सीझरने 46 वर्ष ईसा पूर्व में इस कैलेंडर मै कुछ बदलाव की ये और अपने भतीजे के नाम पर अगस्त का महिना जोड दिया. तबसे दुनिया भर मे happy new year celebration एक जनवरी को मनाया जाने लगा.

Happy new year celebration

हम इंसान जब भी किसी बात की शुरुवात करते है तो आनंद और उत्साह के साथ हम यहा करते है. उत्साह और मौज-मस्ती करना इंसान का स्थाई भाव है. कव्हर नये साल की शुरुवात सब के लिए अच्छी हो यह भावना मन मे रख कर हम new year celebration करते है. साथ ही नये वर्ष मे कुछ संकल्प हम करते है. कुछ पाने का होसला भी दिल मे रख कर नये से काम शूरु करते है. हमारे संकल्प कुछ सामाजिक होते है. कुछ व्यक्तिगत होते है. नया साल सभी जगह बनाया जाता है ऐसा नही है. कई जगह पर नये साल की शुरुवात विभिन्न दिनो मे होती है जानते है इसके बारे मे.

भारत मे नववर्ष की शुरुवात

भारत प्राचीन संस्कृती वाला देश है. नववर्ष का आरंभ चैत्र मास की शुक्ल प्रतिपदा से मनाया जाता है. भगवान ब्रह्माने इसी दिन सृष्टी की रचना का प्रारंभ किया था ऐसी मान्यता होने की वजह से Happy New year इसी दिन मनाया जाता है. इस्लामी कैलेंडर के अनुसार मोहर्रम महीने की पहली तारीख को नया साल हिजरी शुरू होता है. महाराष्ट्र मे गुढीपाडवा के दिन मराठी नववर्ष की शुरुवात होती है.

अलग अलग तिथियों उपर नया वर्ष

अनेकता मे एकता कोण निभाने वाले भारत देश मे सभी धर्म के लोग रहते है इसीलिये यहापर परंपरा ये देखने मे मिलती है. अनेक धर्म समुदाय के अनुसार यहापर new year celebration अलग अलग दिन पर होता है. जैसे पंजाब में नया साल बैसाखी के रूप मे मनाया जाता है. सिख धर्म को मानने वाले नानक शाही कॅलेंडर के अनुसार मार्च महीने में नया साल मनाते है. जैन धर्म के लोग नववर्ष को दिवाली के अगले दिन मनाते है.

new year celebration in world

हमारी दुनिया अलग अलग प्रांत और विभाग मे बिखरी है. यहा पर विभिन्न समुदाय के लोग रहते है. जो अपनी अपनी परंपरा का निरवाहन करते है. ऐसे ही परंपरा हमे new year celebration के समय देखणे मिलती है. आपको बता दे ही गुरु मान्यता ओके अनुसार भगवान द्वारा विश्व को बनाने मे साथ दिन लगे थे. इसलिये सात दिन के संधान के बाद नया वर्ष मनाया जाता है. जो ५ सितम्बर से ५ अक्टूबर के बीच आता है.

• जापानी नव वर्ष ‘गनतन-साईं’ या ‘ओषोगत्सू’ के नाम से भी जाना जाता है.

• वेल्स के इवान वैली में नव वर्ष १२ जनवरी को मनाते है.

• सोवियत रूस मे नववर्ष १४ जनवरी को होता है.

• सेल्टिक, कोरिया, वियतनाम, तिब्बत, लेबनान और चीन में नव वर्ष २१ जनवरी को प्रारंभ होता है.

• आयरलैंड में नववर्ष १ फरवरी को मनाया जाता है.

• ईरान, प्राचीन रूस तथा भारत में बहाई, तेलुगू तथा जमशेदी (जोरोस्ट्रियन) का नया वर्ष २१ मार्च से शुरू होता है. ब्रिटेन में नव वर्ष २५ मार्च को प्रारंभ होता है.

• दक्षिण-पूर्व एशिया के देशों, बंगलादेश, श्रीलंका, थाईलैंड, कम्बोडिया, नेपाल, बंगाल, श्रीलंका व तमिल क्षेत्रों में, नया वर्ष १४ अप्रैल को मनाया जाता है.

इस तरह happy new year celebration दुनिया भर में अलग अलग दिन पर मनाया जाता है. लेकिन सभी की भावना एक होती है. हम भी नये साल की शुरुवात, नये संकल्प के साथ करते है.

नये साल मे नीचे दि हुई गुड हॅबिट आप अपना सकते है…

Good habit

Author

शिक्षा यानी education जो हमारे जीवन को संस्कारित करती है. हमारे जीवन को आकार देती है. प्रेरणा यानी motivation हमे हर परिस्थिती से लढणे का बल प्रदान करती है. Education and motivation ये दोनो शब्द हमारे जीवन में काफी महत्व रखते है. Education और motivation इस विषय को लेकर हिंदी मे ब्लॉग लिख रहा हू, जिसका नाम है worldtruthblog.

Write A Comment

four + 1 =